सोजत। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय एवं राजकीय आईमाता कन्या महाविद्यालय सोजत के समग्र विकास और छात्रहित से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) द्वारा चलाया जा रहा अनिश्चितकालीन धरना शुक्रवार को तीसरे दिन समाप्त हो गया। विधायक श्रीमती शोभा चौहान एवं पूर्व मंत्री लक्ष्मीनारायण दवे की पहल और समझाइश के बाद विद्यार्थियों एवं एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने आंदोलन समाप्त करने की घोषणा की।
धरना स्थल पर विधायक शोभा चौहान ने विद्यार्थियों एवं एबीवीपी पदाधिकारियों से विस्तृत वार्ता कर उनकी विभिन्न मांगों को गंभीरता से सुना। इस दौरान महाविद्यालय की अपूर्ण बाउंड्रीवाल के निर्माण के लिए 10 लाख रुपए की स्वीकृति जारी करने की घोषणा की गई।
वहीं राजकीय आईमाता कन्या महाविद्यालय के जर्जर भवन को अस्थाई तौर पर अन्य स्थान पर शिफ्ट करने की दिशा में कार्रवाई के निर्देश दिए गए। महाविद्यालय की एकेडमिक समस्याओं तथा जर्जर कमरों की मरम्मत को लेकर भी प्रधानाचार्य को उच्चाधिकारियों से समन्वय कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। शेष मांगों पर भी विधायक ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
पूर्व मंत्री लक्ष्मीनारायण दवे ने भी धरना स्थल पर विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उनकी मांगों को सुना और लोकतांत्रिक तरीके से समस्याओं का समाधान निकालने की बात कही। जनप्रतिनिधियों के आश्वासन के बाद एबीवीपी ने आंदोलन समाप्त करने का निर्णय लिया।
धरना समाप्त करवाते हुए विधायक शोभा चौहान ने विद्यार्थियों को जूस पिलाकर आंदोलन समाप्त कराया। इस दौरान माहौल सौहार्दपूर्ण रहा।
इस अवसर पर तहसीलदार कूपसिंह पंवार, पुलिस उपाधीक्षक रतनाराम देवासी, राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. महेन्द्र सिंह राजपुरोहित, भाजपा ओबीसी मोर्चा प्रवक्ता राजेश तंवर, भाजपा युवा मोर्चा प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश पंवार, प्रफुल्ल ओझा, तरूण सोलंकी सहित शहर के अनेक जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, एबीवीपी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जनप्रतिनिधियों के साथ हुई वार्ता में एबीवीपी के मुकेश यादव (विभाग संगठन मंत्री) हितेश सोलंकी (भाग संयोजक), हितेश राठौड़ (जिला संयोजक), अभिषेक मेवाड़ा (विभाग संयोजक),राहुल राजपुरोहित (नगर मंत्री), सानिया खान (नगर सह मंत्री), भाविनी टाक, कुमकुम वैष्णव, कौशल्या, राहुल वैष्णव, युवराज राठौड़, जगदीश परिहार, तनिश गहलोत, पीयूष पंवार एवं आनंदपाल सिंह सहित बड़ी संख्या मे ABVP कार्यकर्ताओं और महाविद्यालयो के छात्र छात्राओं ने भाग लिया।
तीन दिन तक चले आंदोलन के बाद मिली इस सहमति को विद्यार्थियों की मांगों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


