पाली। जिले के सबसे बड़े बांगड़ हॉस्पिटल में जहां एक ओर चिकित्सा सुविधाएं लगातार बेहतर हो रही हैं, वहीं दूसरी ओर चोरी की वारदातें अस्पताल की साख पर सवाल खड़े कर रही हैं। मोबाइल फोन चोरी की घटनाओं के बाद अब चोरों का निशाना मरीजों के परिजनों के जूते-चप्पल बन गए हैं।

हैरानी की बात यह है कि हॉस्पिटल परिसर में 85 CCTV कैमरे और 52 सुरक्षाकर्मी तैनात होने के बावजूद चोरी की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रहीं।
ICU-B वार्ड के बाहर एक दिन में दो जोड़ी चप्पल चोरी
सोमवार को ICU-B वार्ड में भर्ती मरीज केवलचंद के परिजन श्यामलाल और कपूरचंद की नई चप्पलें कुछ ही घंटों के अंतराल में चोरी हो गईं। सुबह श्यामलाल और शाम को कपूरचंद की चप्पलें वार्ड के बाहर से गायब मिलीं।
नर्सिंगकर्मियों ने बताया कि पहले भी ऐसी कई शिकायतें मिल चुकी हैं, लेकिन हॉस्पिटल में कई एंट्री गेट होने की वजह से यह पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि चप्पलें चुराने वाला कौन था और किस दिशा में निकल गया।

CCTV कैमरे बंद, कंट्रोल रूम में खामियां उजागर
अधीक्षक डॉ. कैलाश परिहार को शिकायत मिलने के बाद जब CCTV फुटेज खंगालने की कोशिश की गई तो सामने आया कि कई कैमरे बंद पड़े हैं।
कुल CCTV कैमरे: 85
बंद पड़े कैमरे: 6–7
ICU-B वार्ड का कैमरा चालू, लेकिन वहाँ लगा मॉनिटर खराब
कंट्रोल रूम में भी कई स्क्रीन बंद दिखाई दीं, जिससे चोरी की घटनाओं की निगरानी करना कठिन हो गया है।
52 सुरक्षाकर्मियों के बावजूद चोरों के हौसले बुलंद..
अस्पताल में 52 गार्ड तैनात हैं, लेकिन चोर वार्डों के बाहर से दिनदहाड़े जूते-चप्पल चोरी कर आसानी से निकल जाते हैं। सुरक्षाकर्मियों की सक्रियता पर सवाल उठ रहे हैं।
पीड़ित बोले—चिकित्सा व्यवस्था बढ़िया, सुरक्षा लचर

मुंबई से आए कपूरचंद राठौड़ ने कहा—
“हॉस्पिटल की चिकित्सा सुविधाएं और स्टाफ का व्यवहार अच्छा है, लेकिन वार्ड के बाहर से चप्पल चोरी होना निराशाजनक है। मुझे नंगे पैर जाना पड़ा, जो बिल्कुल अच्छा नहीं लगा।”
अधीक्षक बोले—CCTV फुटेज खंगालेंगे, सुरक्षा कड़ी करेंगे
अधीक्षक डॉ. कैलाश परिहार ने कहा—
“हम कैमरों की जांच करवा रहे हैं। सुरक्षाकर्मियों को भी सख्त निर्देश दिए जाएंगे कि वे संदिग्ध लोगों पर नजर रखें। चोरी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”


