सोजत। माननीय राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के तत्वावधान, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पाली के निर्देशानुसार एवं तालुका विधिक सेवा समिति, सोजत के आदेशानुसार शुक्रवार को राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय रिसानिया तथा नगर पालिका परिसर, सोजत रोड में “बाल विवाह को कहे ना” विषय पर विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में पीएलवी श्री सांवल प्रभात व्यास ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि बाल विवाह एक गंभीर सामाजिक बुराई एवं दंडनीय अपराध है, जो बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा और उज्ज्वल भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है। उन्होंने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के प्रमुख प्रावधानों की जानकारी देते हुए समाज से इस कुप्रथा के उन्मूलन के लिए सामूहिक सहभागिता का आह्वान किया। साथ ही बाल विवाह की सूचना देने हेतु उपलब्ध हेल्पलाइन एवं निःशुल्क विधिक सहायता सेवाओं की भी जानकारी दी।
शिविर के दौरान प्रतिभागियों को कार्यस्थल पर महिलाओं के अधिकार, लैंगिक उत्पीड़न से संबंधित कानूनी प्रावधान, वरिष्ठ नागरिकों के अधिकार, साइबर अपराध से बचाव, नालसा पोर्टल, नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100, नालसा संवाद योजना, नालसा जागृति योजना, नालसा डॉन स्कीम, नालसा साथी अभियान, भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 2023, मुख्यमंत्री दिव्यांग स्कूटी योजना, सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम, निःशुल्क विधिक सहायता, मध्यस्थता एवं लोक अदालत, “रिस्टोरिंग द यूथ” अभियान तथा “न्याय आपके द्वार” अभियान सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं एवं विधिक अधिकारों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी प्रतिभागियों को बाल विवाह निषेध अभियान के तहत शपथ दिलाई गई कि वे स्वयं बाल विवाह नहीं करेंगे, न होने देंगे तथा इसकी जानकारी संबंधित अधिकारियों को देंगे।
शिविर में दोनों स्थानों पर कुल 70 प्रतिभागियों (50 + 20) ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर विधिक जागरूकता का लाभ प्राप्त किया।

