पाली। समेकित बाल विकास सेवाएं (ICDS) महिला एवं बाल विकास विभाग के निदेशक श्री वासुदेव मालावत ने मंगलवार को रोहट ब्लॉक के आंगनवाड़ी केंद्र दलपतगढ़ का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने केंद्र की व्यवस्थाओं, बच्चों की गतिविधियों, पोषण सेवाओं और दर्ज रिकॉर्ड का विस्तृत अवलोकन किया।
निरीक्षण के दौरान निदेशक मालावत ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को ईसीसीई (प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा) गतिविधियों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के समग्र विकास के लिए ICDS की सभी सेवाओं—पोषण, टीकाकरण, स्वास्थ्य जांच और प्री-स्कूल शिक्षा—का समय पर सुनिश्चित होना अति आवश्यक है।
उन्होंने निर्देश दिए कि अधिकतम बच्चों और गर्भवती/धात्री महिलाओं का आंगनवाड़ी केंद्र पर नियमित नामांकन किया जाए तथा सभी लाभार्थियों को पोषण ट्रैकर ऐप पर समय पर पंजीकृत किया जाए।
निदेशक ने ईसीसीई गतिविधियों के मूल्यांकन हेतु समग्र प्रमाण पत्र नियमित रूप से अपडेट रखने और अभिभावकों को बच्चों की प्रगति की पूर्ण जानकारी देने पर भी जोर दिया।
मालावत ने बच्चों के शारीरिक विकास हेतु वजन और लंबाई मापक उपकरणों के सही उपयोग को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कार्यकर्ताओं को आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की आवश्यकता जताई, ताकि सटीक डेटा संकलित कर बेहतर नीतिगत निर्णय लिए जा सकें।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने जिले में संचालित आदर्श आंगनवाड़ी केंद्रों की प्रगति की समीक्षा की और अधिकारियों को समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निदेशक ने महिला पर्यवेक्षकों एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं से उनकी समस्याओं और कार्यप्रणाली के बारे में विस्तृत चर्चा कर आवश्यक मार्गदर्शन भी प्रदान किया।
अंत में उपनिदेशक ICDS पाली तथा जिले के सभी सीडीपीओ के साथ विभिन्न योजनाओं की प्रगति की मॉनिटरिंग की गई और आगे की कार्ययोजना को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए गए।
इस अवसर पर उपनिदेशक राजेश कुमार, सीडीपीओ रोहट आलोक शर्मा, सीडीपीओ प्रकाश चंद, महिला पर्यवेक्षक लीलावती मीना, ब्लॉक समन्वयक प्रीति सिकरवार, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता पालू विश्नोई, सहायिका तीजा देवी, लाभार्थी महिलाएं, लगभग 21 बच्चे एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

