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सोजत में गूंजा जय श्रीराम का उद्घोष, भव्य रामलीला महोत्सव का शुभारंभ, प्रथम दिन श्रीराम जन्म की लीला ने मोहा मन।

सोजत सिटी। चांदपोल गेट के बाहर स्थित श्री मोतीचंद सेठिया आदर्श विद्या मंदिर परिसर में ऐतिहासिक श्री रामलीला महोत्सव का मंगलवार को भक्ति, आस्था और उत्साह के साथ भव्य शुभारंभ हुआ। 30 सितंबर से 9 अक्टूबर तक प्रतिदिन रात्रि 8 से 11 बजे तक आयोजित होने वाले इस महोत्सव में भारत के प्रसिद्ध धर्म प्रचारक रामलीला मंडल काशी के 25 कलाकार धर्मनगरी सोजत की पावन धरा पर रामकथा का जीवंत मंचन कर रहे हैं।

महोत्सव के प्रथम दिन महाराजा दशरथ पुत्र प्राप्ति यज्ञ एवं प्रभु श्रीराम जन्म की लीला का भावपूर्ण मंचन किया गया। मंच पर जैसे ही प्रभु श्रीराम के जन्म का प्रसंग आया, पूरा पंडाल ‘जय श्रीराम’ के जयघोष से गूंज उठा। आकर्षक झांकियों, प्रभावशाली संवादों और कलाकारों के सजीव अभिनय ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। रामलीला देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं नगरवासी पहुंचे, जिससे आयोजन स्थल पर उत्सवी माहौल बन गया।

पूजा-अर्चना के साथ हुआ शुभारंभ

रामलीला महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर मुख्य अतिथि दीप सिंह राजावत, आदर्श विद्या मंदिर के प्राचार्य, ताराचंद टाक, राजकुमार चौधरी, नवनीत राय ‘रुचिर’ सहित नगर के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। अतिथियों ने विधिवत पूजा-अर्चना कर हनुमानजी महाराज के ध्वज का पूजन किया तथा दीप प्रज्वलित कर रामलीला महोत्सव का शुभारंभ किया।

इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि रामलीला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह भारतीय संस्कृति, मर्यादा, आदर्शों और संस्कारों का जीवंत संदेश देती है। उन्होंने नगरवासियों से परिवार सहित रामलीला में पहुंचकर धर्मलाभ लेने तथा बच्चों को रामकथा से जोड़ने का आह्वान किया।

आज होगा ताड़का वध और मारीच-सुबाहु वध

आयोजन समिति के अनुसार गुरूवार रात्रि को मुनि विश्वामित्र आगमन, ताड़का वध तथा मारीच-सुबाहु वध का मंचन किया जाएगा। आगामी दिनों में सीता स्वयंवर, जनक प्रतिज्ञा, रावण-बाणासुर संवाद, जनक विलाप, लक्ष्मण क्रोध, भगवान श्रीराम द्वारा शिव धनुष भंग तथा सीता जी की वरमाला जैसे भव्य, रोमांचक और भक्तिमय प्रसंगों का मंचन आकर्षण का केंद्र रहेगा।

Akram Khan

Written by Akram Khan

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