सोजत सिटी। अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा समिति के निर्देशानुसार तालुका विधिक सेवा समिति सोजत एवं पेंशनर समाज सोजत के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को स्थानीय पेंशनर समाज भवन में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर में वरिष्ठ नागरिकों को उनके कानूनी अधिकारों, कर्तव्यों एवं विभिन्न विधिक प्रावधानों की सरल भाषा में जानकारी दी गई।
पेंशनर समाज अध्यक्ष लालचंद मोयल ने कहा कि वरिष्ठ नागरिक समाज की अनमोल धरोहर हैं। उनके जीवनभर के अनुभव और ज्ञान से युवा पीढ़ी को मार्गदर्शन मिलता है। उन्होंने बताया कि संयुक्त राष्ट्र संघ द्वारा बुजुर्गों के प्रति सम्मान एवं जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष 1 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस मनाया जाता है।
पैनल अधिवक्ता अशोक गहलोत ने वरिष्ठ नागरिकों के मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों एवं उनके लिए उपलब्ध कानूनी संरक्षण की जानकारी दी। उन्होंने माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 के प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि जरूरत पड़ने पर वरिष्ठ नागरिक विधिक सेवा समिति के माध्यम से नि:शुल्क कानूनी सलाह एवं सहायता प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान, सुरक्षा एवं गरिमापूर्ण जीवन को समाज की सामूहिक जिम्मेदारी बताया।
वरिष्ठ अधिवक्ता ईश्वरदास पुरुषवाणी ने वरिष्ठ नागरिकों के अधिकार एवं हकदारी से जुड़े कानूनों की जानकारी दी। वहीं पेंशनर समाज के रामस्वरूप भटनागर ने बुजुर्गों से अपने कानूनी अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। पीएलवी सांवलप्रभात व्यास ने नालसा की लीगल एड हेल्पलाइन 15100 के बारे में जानकारी देते हुए जरूरतमंद लोगों को नि:शुल्क विधिक सहायता लेने के लिए प्रेरित किया।
शिविर में वरिष्ठ नागरिकों को भरण-पोषण के अधिकार, ट्रिब्यूनल के माध्यम से मिलने वाली राहत, संपत्ति हस्तांतरण से जुड़े प्रावधान, परिजनों द्वारा परित्याग की स्थिति में उपलब्ध कानूनी उपाय तथा सरकार द्वारा संचालित वृद्धाश्रम जैसी सुविधाओं की जानकारी दी गई। साथ ही आपसी सहमति एवं लोक अदालत के माध्यम से मामलों के त्वरित एवं सरल समाधान के बारे में भी बताया गया।
ये रहे मौजूद…
शिविर में रविन्द्र भटनागर, सत्तुसिंह भाटी, अब्दुल समद राही, नवनीत रॉय ‘रुचिर’, अशोक सेन, डॉ. रशीद गौरी, शंकरलाल पारीख, चेतन व्यास, जुगलकिशोर दवे,फौजी अशोक सेन, लक्ष्मणराम पालरीया, शिवलाल जोशी, महेन्द्र माथुर, मो. यासीन सहित बड़ी संख्या में वरिष्ठ नागरिक मौजूद रहे।

