पाली शहर और विशेषकर मुस्लिम समाज के लिए निस्वार्थ सेवा और अपनत्व का पर्याय रहे मोहम्मद फारूख छिपा उर्फ फारूख काका का बीती रात इंतकाल हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही पाली सहित पूरे मुस्लिम समाज में शोक की लहर दौड़ गई। हर वर्ग के लोग सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं और उनकी मगफिरत के लिए दुआएं कर रहे हैं।
हंसमुख, मिलनसार और हरदिल अजीज फारूख काका पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे। जैसे ही उनके इंतकाल की सूचना फैली, शहर का हर परिचित व्यक्ति गहरे दुःख में डूब गया। पेशे से वे टैक्सी चालक थे, लेकिन दिल से समाजसेवक और इंसानियत के सच्चे सिपाही थे। वे हर सामाजिक कार्य में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते और दूसरों को भी सेवा के लिए प्रेरित करते रहते थे।
अपनी बेबाक आवाज, निडर अंदाज और स्पष्ट विचारों के कारण वे समाज में अलग पहचान रखते थे।
उन्हें जो भी सामाजिक जिम्मेदारी सौंपी जाती, उसे वे पूरी शिद्दत और ईमानदारी से निभाकर अंजाम तक पहुंचाते थे। यही वजह थी कि वे हर वर्ग में सम्मान के पात्र बने।
फारूख काका के इंतकाल से पाली ने एक सेवाभावी, हंसमुख और नेकदिल इंसान को खो दिया है, जिसकी कमी लंबे समय तक महसूस की जाएगी। कल देर रात उन्हें पुरे धार्मिक रितिरिवाज के साथ सुपुर्द ए खाक किया गया।
RJ 22 न्यूज की पूरी टीम की ओर से मोहम्मद फारूख छिपा (फारूख काका) को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है तथा उनकी आत्मा की मगफिरत के लिए दुआ की जाती है। अल्लाह तआला उन्हें जन्नतुल फिरदौस में आला मुकाम अता फरमाए।

